तेंदूखेड़ा में अन्नपूर्णा रसोई का शुभारंभ, अब मात्र 10 रुपए में मिलेगा भरपेट भोजन*

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तेंदूखेड़ा में अन्नपूर्णा रसोई का शुभारंभ, अब मात्र 10 रुपए में मिलेगा भरपेट भोजन

संस्कृति मंत्री के पिता दादा भाव सिंह लोधी ने 51 हजार रुपए की राशि की दान, 200 से अधिक लोग बने सदस्य

दमोह/तेंदूखेड़ा-* गरीब, मजदूर, किसान और जरूरतमंद लोगों को कम कीमत पर सम्मानपूर्वक भरपेट भोजन उपलब्ध कराने की एक सराहनीय पहल तेंदूखेड़ा में शुरू हुई है। नगर में अन्नपूर्णा रसोई का शुभारंभ किया गया है। इस रसोई के माध्यम से अब जरूरतमंद लोगों को मात्र 10 रुपए में भरपेट भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। इस जनहितकारी पहल से नगर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों में खुशी का माहौल है।
इस अन्नपूर्णा रसोई की शुरुआत के पीछे जरूरतमंदों की सेवा और समाज के प्रति जिम्मेदारी का भाव जुड़ा हुआ है। संस्कृति मंत्री के अनुज के जन्मदिन के अवसर पर गरीबों को भोजन कराने की सोच से शुरू हुई यह योजना अब जनसेवा के एक बड़े अभियान का रूप लेती दिखाई दे रही है।संस्कृति मंत्री के पिता ने दिए 51 हजार रुपए अन्नपूर्णा रसोई के संचालन में सहयोग करते हुए संस्कृति मंत्री के पिताजी दादा भाव सिंह लोधी ने 51 हजार रुपए की सहयोग राशि दान की है। उनकी इस पहल ने अन्य लोगों को भी सेवा कार्य से जुड़ने के लिए प्रेरित किया है। खास बात यह है कि इस पुनीत कार्य में अब तक 200 से अधिक लोग सदस्य बनकर अपना सहयोग देने के लिए आगे आए हैं। लोगों की सहभागिता से यह उम्मीद जताई जा रही है कि अन्नपूर्णा रसोई का संचालन निरंतर बेहतर तरीके से किया जा सकेगा

मजदूर, किसान और विद्यार्थियों को मिलेगी बड़ी राहत तेंदूखेड़ा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में ग्रामीण क्षेत्रों से लोग अपने आवश्यक कार्यों के लिए पहुंचते हैं। इनमें मजदूर, किसान, छोटे व्यापारी और विभिन्न कामों से नगर आने वाले जरूरतमंद लोग शामिल हैं। कई बार आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण उन्हें भोजन की व्यवस्था करने में परेशानी का सामना करना पड़ता है।
वहीं नगर के बाहर से आकर स्कूल-कॉलेजों में पढ़ाई करने वाले छात्र-छात्राओं के लिए भी यह अन्नपूर्णा रसोई काफी मददगार साबित होगी। कम खर्च में भरपेट भोजन मिलने से विद्यार्थियों के अभिभावकों को भी राहत मिलेगी।

10 रुपए में भोजन, सेवा और सम्मान का संदेशअन्नपूर्णा रसोई का उद्देश्य केवल सस्ता भोजन उपलब्ध कराना ही नहीं, बल्कि जरूरतमंदों को सम्मान के साथ भोजन की सुविधा देना भी है। 10 रुपए में भरपेट भोजन की व्यवस्था उन लोगों के लिए किसी बड़ी राहत से कम नहीं है, जिन्हें रोजी-रोटी और दैनिक खर्च के बीच भोजन की व्यवस्था करनी पड़ती है।


इस पहल से तेंदूखेड़ा आने वाले ग्रामीणों, मजदूरों, किसानों और विद्यार्थियों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
समाजसेवा की मिसाल बनेगी अन्नपूर्णा रसोई आज के समय में जब महंगाई के चलते आम आदमी के लिए रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना चुनौती बनता जा रहा है, ऐसे में मात्र 10 रुपए में भरपेट भोजन उपलब्ध कराने की यह पहल निश्चित रूप से सराहनीय है। 200 से अधिक सदस्यों का जुड़ना इस बात का संकेत है कि नगर के लोग भी इस सेवा कार्य को आगे बढ़ाने के लिए उत्साहित हैं।
अन्नपूर्णा रसोई के माध्यम से तेंदूखेड़ा में सेवा, सहयोग और सामाजिक समरसता का एक नया अध्याय शुरू हुआ है। यदि इसी तरह समाज के सक्षम लोग आगे आकर सहयोग करते रहे तो यह रसोई आने वाले समय में हजारों जरूरतमंदों के लिए सहारा बन सकती है।
एक छोटी सी पहल, किसी जरूरतमंद के चेहरे पर मुस्कान लाने का बड़ा माध्यम बन सकती है। यही अन्नपूर्णा रसोई का सबसे बड़ा उद्देश्य है।

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