स्वास्थ्य सेवाओं में दमोह की बड़ी छलांग

नियमित मॉनिटरिंग और फील्ड भ्रमण से स्वास्थ्य विभाग की रैंकिंग 51वें से 28वें स्थान पर पहुंची- कलेक्टर श्री यादव

गर्भवती महिलाओं के पंजीयन से टीबी स्क्रीनिंग तक उल्लेखनीय सुधार


जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की सतत समीक्षा और फील्ड स्तर पर अधिकारियों एवं स्वास्थ्य अमले की सक्रिय मॉनिटरिंग का सकारात्मक असर दिखाई देने लगा है। कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कहा कि जिला स्वास्थ्य समिति की नियमित बिंदुवार समीक्षा और क्षेत्रीय भ्रमण के कारण स्वास्थ्य विभाग के विभिन्न संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया गया है।
उन्होंने कहा गर्भवती महिलाओं के पंजीयन का प्रतिशत अप्रैल माह के 65 प्रतिशत से बढ़कर 81 प्रतिशत हो गया है। वहीं गर्भवती महिलाओं के समुचित प्रबंधन में 75 प्रतिशत से बढ़कर 92 प्रतिशत तक प्रगति हुई है। उच्च रक्तचाप से पीड़ित गर्भवती महिलाओं की देखभाल का प्रतिशत 77 से बढ़कर 95 प्रतिशत तक पहुंच गया है।
कलेक्टर श्री यादव ने कहा टीकाकरण कवरेज 79 प्रतिशत से बढ़कर 88 प्रतिशत हो गया है। वहीं टीबी स्क्रीनिंग 52 प्रतिशत से बढ़कर 61 प्रतिशत तक पहुंची है। टीबी मरीजों के एक्स-रे परीक्षण में 44 प्रतिशत से बढ़कर 92 प्रतिशत की उपलब्धि दर्ज की गई है, जबकि टीबी मरीजों के संपर्कों की जांच एवं टीपीटी कवरेज 31 प्रतिशत से बढ़कर 55 प्रतिशत हो गया है।
कलेक्टर ने कहा पहले प्रदेश स्तर पर जिले की रैंकिंग 51वें स्थान पर थी, जो अब सुधरकर 28वें स्थान पर पहुंच गई है। कुछ स्वास्थ्य संकेतकों में जिला 18वें स्थान तक भी पहुंच चुका है। उन्होंने कहा यह सुधार लगातार समीक्षा, प्रभावी मॉनिटरिंग और फील्ड स्तर पर की गई कार्रवाई का परिणाम है।
उन्होंने आमजन से शासन की स्वास्थ्य योजनाओं का अधिकतम लाभ लेने की अपील करते हुए कहा कि टीकाकरण को लेकर पहले जो भ्रांतियां थीं, उन्हें दूर करने के लिए लगातार जनजागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। साथ ही आशा कार्यकर्ताओं द्वारा डेटा अपलोड, फील्ड कार्य एवं अन्य व्यवस्थाओं में आने वाली कमियों को दूर किया जा रहा है। जहां ऑपरेटर, कंप्यूटर, दवाओं अथवा अन्य संसाधनों की कमी है, वहां तत्काल व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है, ताकि स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक समय पर पहुंच सके।
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