कार्यपालक निदेशक, एम्स भोपाल का संदेश
“कैंसर का उपचार रोगियों और उनके परिवारों पर भारी आर्थिक बोझ डाल सकता है, विशेषकर तब, जब महँगी दवाइयाँ लंबे समय तक लेनी पड़ती हैं।
कैंसर की देखभाल को अधिक सुलभ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए भारत सरकार ने राष्ट्रीय औषधि मूल्य निर्धारण प्राधिकरण (एनपीपीए) के माध्यम से 137 चिह्नित कैंसर-रोधी दवाइयों की कीमतों में 70 प्रतिशत तक की कमी की घोषणा की है, जो 9 नवंबर 2026 से प्रभावी होगी। इनमें कई महँगी दवाइयाँ शामिल हैं, जैसे कैंसर इम्यूनोथेरेपी में प्रयुक्त पेम्ब्रोलिज़ुमैब और डुरवालुमैब, फेफड़ों के कुछ प्रकार के कैंसर में प्रयुक्त ऑसिमरटिनिब तथा अनेक कैंसरों के उपचार में प्रयुक्त बेवासिज़ुमैब। इन दवाइयों की आवश्यकता वाले रोगियों के लिए कीमतों में यह कमी बड़ी आर्थिक राहत और उपचार की बेहतर सुलभता सुनिश्चित कर सकती है।
रोगी और उनके परिजन संशोधित कीमतों की जानकारी अस्पताल की फार्मेसी, एनपीपीए की वेबसाइट अथवा फार्मा सही दाम ऐप से प्राप्त कर सकते हैं। मैं सभी रोगियों और उनके परिजनों से आग्रह करता हूँ कि वे जानकारी रखें और उचित मार्गदर्शन के लिए अपने उपचार करने वाले कैंसर रोग विशेषज्ञ से परामर्श करें।
एम्स भोपाल में हमारी प्रतिबद्धता सभी के लिए सुलभ, किफ़ायती और गुणवत्तापूर्ण कैंसर देखभाल सुनिश्चित करने की है। आइए, हम सब मिलकर इस महत्वपूर्ण निर्णय के प्रति जागरूकता फैलाएँ, ताकि अधिक से अधिक कैंसर रोगी और उनके परिवार इसका लाभ उठा सकें।”
लेफ्टिनेंट जनरल (डॉ) नरेन्द्र कोतवाल (रि)
कार्यपालक निदेशक, एम्स भोपाल
#AffordableHealthcare #CancerCare #SehatKiDiwali #AIIMSBhopal #AIIMS
